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वायुसेना की नई शाखा ‘दिशा’ संभालेगी अत्याधुनिक शस्त्र

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वायुसेना प्रमुख चौधरी ने एलान किया कि नई ‘वीपन सिस्टम्स ब्रांच’ हमारे पास मौजूद हर तरह की नवीनतम हथियार प्रणाली का रखरखाव करेगी। उन्होंने कहा कि हमें एकीकरण, युद्ध क्षमता के साझा इस्तेमाल की जरूरत है।वायुसेना दिवस के मौके पर चंडीगढ़ में विशेष एयर शो आयोजित किया गया है। इसमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह खासतौर से मौजूद हैं। इस मौके पर एयर चीफ मार्शल वीआर चौधरी ने वायुसेना को लेकर कई अहम घोषणाएं कीं। इनमें सबसे अहम अत्याधुनिक शस्त्रों के रखरखाव के लिए एक नई इकाई ‘दिशा’ का गठन है। इसके गठन से 3400 करोड़ रुपये की बचत होगी।

वायुसेना प्रमुख चौधरी ने एलान किया कि नई ‘वीपन सिस्टम्स ब्रांच’ हमारे पास मौजूद हर तरह की नवीनतम हथियार प्रणाली का रखरखाव करेगी। उन्होंने इसके बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि इससे हर साल भारी बचत होगी। उन्होंने कहा कि हमें एकीकरण, युद्ध क्षमता के साझा इस्तेमाल की जरूरत है। तीनों सेनाओं के एकीकरण की प्रक्रिया चल रही है। परंपरागत हथियारों की ज गह आधुनिक, आसान व तेजी से इस्तेमाल की जा सकने वाली प्रौद्योगिकी अपनाने की जरूत है, क्योंकि पिछले एक साल में जंग के तरीके बदल गए हैं। 1. 3000 ‘अग्निवीर वायु’ की भर्ती
एयर चीफ मार्शल चौधरी ने कहा कि दिसंबर में 3000 ‘अग्निवीर वायु’ की भर्ती होगी और उनकी आरंभिक ट्रेनिंग शुरू की जाएगी। इसके बाद के वर्षों में इनकी संख्या बढ़ती जाएगी। अगले साल से हम महिला अग्निवीरों की भर्ती की भी योजना बना रहे हैं।

युवाओं को देश सेवा में लाना चुनौती
अग्निपथ योजना के जरिए देश के युवाओं को वायुसेना में भर्ती करना हम सभी के लिए बड़ी चुनौती है। लेकिन इससे बड़ी बात यह है कि यह देश के युवाओं को देश सेवा से जोड़ने का बड़ा अवसर है। प्रत्येक अग्निवीर को वायुसेना में करियर शुरू करने का अवसर देने के लिए हमने अपने प्रशिक्षण के तरीके बदल दिए हैं।

आजादी के बाद पहली नई संचालन शाखा
वायुसेना की 90 वीं वर्षगांठ के मौके पर एयर चीफ ने कहा कि केंद्र सरकार ने वायुसेना के अधिकारियों के लिए वीपन सिस्टम्स ब्रांच स्थापित करने की मंजूरी दे दी है। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद यह पहला मौका है, जब एक नई संचालन शाखा स्थापित की जा रही है। इस शाखा के गठन से 3400 करोड़ से ज्यादा की बचत होगी। उन्होंने कहा कि इससे उड़ान के प्रशिक्षण पर खर्च कम होगा।

पूर्ववर्तियों की कड़ी मेहनत, लगन और दूरदृष्टि से गौरवशाली विरासत मिली
एयर चीफ मार्शल ने कहा कि हमें अपने पूर्ववर्तियों की कड़ी मेहनत, लगन और दूरदृष्टि से गौरवशाली विरासत मिली है। मुझे इस मौके पर हमारे पूर्व प्रमुखों के योगदान को रेखांकित करने का अधिकार है। अब हम पर वायुसेना को शताब्दी दशक में ले जाने की जिम्मेदारी है।

वायुसेना की नई कॉम्बैट ड्रेस
भारतीय वायुसेना के 90 साल पूरे होने के मौके पर वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल वीआर चौधरी ने जवानों की नई कॉम्बैट यूनिफॉर्म जारी की। जंग के मैदान के लिए यह वर्दी कैमूफ्लाज रंगों में तैयार की गई है।

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